अगर आपका भी इन 7 बैंकों में है खाता, तो जरूर पढ़े ये खास खबर….!!!

(Pi Bureau)

बैंक मर्जर के बाद से कई बैंकों के चेकबुक, पासबुक और IFSC कोड में बदलाव (Discontinuation of Cheque Books and FSC Code) होने जा रहा है. 1 अप्रैल के बाद से देश के 7 बैंकों के ग्राहकों का इस पर असर पड़ेगा. बता दें 1 अप्रैल 2021 से कई बैंकों की पुरानी चेकबुक और आईएफएससी कोड काम नहीं करेंगे तो आप आज ही बैंक से संपर्क करके अपना नया कोड पता कर लें, जिससे आपको ऑनलाइन ट्रांजेक्शन करने में कोई परेशानी न हो.

आपको बता दें देना बैंक, विजया बैंक, कॉरपोरेशन बैंक, आंध्रा बैंक, ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स, यूनाइटेड बैंक और इलाहाबाद बैंक के ग्राहकों का इस पर असर देखने को मिलेगा. तो अगर आपका इन 7 बैंक में से किसी में भी खाता है तो फटाफट अपनी नई चेक बुक और IFSC कोड बैंक शाखा से पता लगा लें.

आपको बता दें 1 अप्रैल 2020 को सरकार ने देश के तीन बैंक पंजाब नेशनल बैंक, ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉर्स और यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया का मर्जर कर दिया था. इसके अलावा देना और विजया बैंक का विलय बैंक ऑफ बड़ौदा में हुआ था और यह 1 अप्रैल 2019 से प्रभावी है. इसके अलावा सिंडिकेट बैंक का केनरा बैंक में, आंध्रा बैंक व कॉरपोरेशन बैंक का यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में और इलाहाबाद बैंक का इंडियन बैंक में विलय हुआ है.

आंध्रा और कॉरपोरेशन बैंक के ग्राहक यहां करें संपर्क
आंध्रा बैंक और कॉरपोरेशन बैंक के अकाउंट होल्डर को अब बैंकों के आधिकारिक वेबसाइट पर ऑनलाइन के जरिए अपने नए आईएफएससी कोड जान जा सकते हैं. इसके लिए आपको आधिकारिक वेबसाइट www.unionbankofindia.co.in पर जाना होगा. इसके बाद यहां आपको amaigamation Centre पर क्लिक करना होगा. इसके बाद आप अपडेट आईएफएससी कोड जान सकेंगे. इसके अतिरिक्त ग्राहक बैंक के कस्टमर केयर नंबर 18002082244 या 18004251515 या 18004253555 पर फोन कर सकते हैं. या फिर SMS के जरिए जानकारी हासिल कर सकते हैं. इसके लिए आपको IFSC लिखकर 9223008486 पर मैसेज भेजना होगा.

IFSC Code की जरूरत क्यों होती है
आईएफएससी कोड के बदलाव का खाताधारकों पर असर पड़ेगा. हालांकि तुरंत आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है. अभी इन शाखाओं के आईएफएससी कोड की आखिरी तारीख 31 मार्च 2021 है. बैंक ने इस बाबत सभी ग्राहकों को सूचना भी दी है. आपको बता दें ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के लिए बैंक अकाउंट नंबर के साथ बैंक का IFSC यानी इंडियन फाइनेंशियल सिस्टम कोड एड करना पड़ता है. भारत में बैंकों की संख्या बहुत ज्यादा है और इस स्थिति में सभी बैंकों के ब्रांच को याद नहीं रखा जा सकता है. वहीं, MICR कोड को मैगेनेटिक इंक कैरेक्टर रिक्निशन (Magnetic Ink Character Recognition) होता है.

यहां अपडेट करा दें डिटेल्स
इसके अलावा आपको बता दें नई चेकबुक, पासबुक मिलने के बाद विभिन्न फाइनेंशियल इंस्ट्रूमेंट्स में दर्ज अपनी बैंकिंग डिटेल्स को भी अपडेट करना न भूलें…जैसे कि म्यूचुअल फंड्स, ट्रेडिंग अकाउंट्स, लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी, इनकम टैक्स अकाउंट, एफडी/आरडी, पीएफ अकाउंट और ऐसी कई अन्य जगह, जहां बैंक अकाउंट को अपडेट करना जरूरी है.

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